
मिलावटी खाद्य पदार्थ, अव्यवस्थित जीवनशैली, और भागमभाग वाली दिनचर्या ने सबसे ज्यादा हमारे पाचनशक्ति पर आघात किया है। छोटे- छोटे बच्चों को भी अपच की समस्या हो रही। ऐसे में हमारी पाचनशक्ति को बढ़ाने और पाचनतंत्र को सुचारू बनाने के लिए कुछ आसान से बदलाव बड़े चमत्कारी प्रभाव डालते हैं।
क्या है हेल्दी डाइजेस्ट?
हेल्दी डाइजेशन (स्वस्थ पाचन) का मतलब है कि आपका पाचन तंत्र (पेट और आंतें) भोजन से पोषक तत्वों को आसानी से सोख ले और बिना किसी परेशानी (जैसे कब्ज, गैस, सूजन, एसिडिटी) के अपशिष्ट (waste) को बाहर निकाल दे, जिससे शरीर को ऊर्जा मिले और वह ठीक से काम करे; इसके लिए फाइबर युक्त भोजन, पानी, व्यायाम और तनाव कम करना ज़रूरी है.
स्वस्थ पाचन के लक्षण:
नियमित और आसान मल त्याग (stool).
पेट में गैस, सूजन या पेट दर्द न होना.
भोजन से भरपूर ऊर्जा मिलना और अच्छा महसूस करना.
एसिडिटी या जलन महसूस न होना.
इसे कैसे बनाए रखें:
फाइबर युक्त आहार: फल (सेब, पपीता, अमरूद), सब्जियां (पालक, गाजर), साबुत अनाज (दलिया, ब्राउन राइस) और बीज (चिया सीड्स) खाएं.
पानी पिएं: शरीर को हाइड्रेटेड रखें.
प्रोबायोटिक्स: दही, केफिर जैसे फर्मेंटेड (किण्वित) खाद्य पदार्थ खाएं जो आंत के अच्छे बैक्टीरिया को बढ़ाते हैं.
तनाव कम करें: योग, ध्यान या अन्य तनाव कम करने वाली गतिविधियां करें.
नियमित व्यायाम: शारीरिक गतिविधि पाचन को बेहतर बनाती है.
कुछ चीज़ों से बचें: तले हुए, मसालेदार और प्रोसेस्ड फूड कम खाएं.
संक्षेप में: हेल्दी डाइजेशन वह स्थिति है जब आपका शरीर भोजन को कुशलता से पचाता है, पोषक तत्व सोखता है और अपशिष्ट को आराम से बाहर निकालता है, जिससे आप शारीरिक और मानसिक रूप से स्वस्थ महसूस करते हैं.
अमृता कुमारी – नेशन्स न्यूट्रीशन क्वालीफाईड डायटीशियन डायबिटीज एजुकेटर, अहमदाबाद
